‘पद्मावती’ के सेट पर तोड़फोड़, भंसाली के साथ मारपीट के बाद बॉलीवुड हुआ एकजुट

जयपुर। गुलाबी नगरी जयपुर में फिल्म ‘पद्मावती’ के सेट पर तोड़फोड़ और निर्देशक संजय लीला भंसाली के साथ मारपीट के बाद जहां पूरा बॉलीवुड एकजुट हो गया है, वहीं शिवसेना जैसी पाटिर्यों ने इतिहास के साथ छेड़छाड़ करने और राजा-रानियों के कथित चरित्र हनन के खिलाफ आवाज उठाई है। उधर करणी सेना ने भी सेट पर हुए हमले को जायज ठहराया है।
इस बीच भंसाली ने फिल्म की शूटिंग रद्द करने का फैसला किया है। भंसाली और क्रू मेंबर मुंबई वापस लौटेंगे। उन्होंने राजस्थान में फिर कभी शूटिंग ना करने का फैसला किया है।
वहीं शिवसेना भी फिल्म पद्मावती विवाद में कूद पड़ी है। फिल्म निर्माता-निर्देशक संजय लीला भंसाली पर हमले के बाद शिवसेना ने कहा कि हिंदू राजा-रानियों का चरित्र हनन बर्दाश्त नहीं करेंगे। हम आपको बता दें कि करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को फिल्म के सेट पर पहुंच कर जमकर हंगामा किया। शूटिंग उपकरणों को नुकसान पहुंचा और संजय लीला भंसाली से भी मारपीट की ।
बॉलीवुड के फिल्म निर्देशकों और अभिनेता-अभिनेत्रियों ने संजय लीला भंसाली के समर्थन में ट्वीट किए। प्रियंका चोपड़ा ने कहा कि जो हुआ वह दुखद और डरावना है। हमारे बुजुर्गों ने हमें हिंसा तो नहीं सिखाई थी। रितिक रोशन ने कहा कि भंसाली सर, मैं आपके साथ खड़ा हूं। ये घटना गुस्सा दिलाने वाली है। वहीं रितेश देशमुख ने लिखा कि संजय लीला भंसाली के सेट पर जो हुआ वह ददर्नाक और खेदजनक है। मैं संजय लीला भंसाली के साथ खड़ा हूं। अब राजस्थान पुलिस की बारी है। जो सही है, वो करे।
वरिष्ठ इतिहासकार इरफान हबीब ने दावा किया है कि जिस पद्मावती के अपमान को मुद्दा बनाकर करणी सेना और दूसरे संगठन हंगामा मचा रहे हैं, वैसा कोई कैरेक्टर असलियत में था ही नहीं, क्योंकि पद्मावती पूरी तरह से एक काल्पनिक चरित्र है। मशहूर लेखक मलिक मोहम्मद जायसी ने पद्मावती का किरदार रचा था। ये एक काल्पनिक किरदार है। जायसी ने इसे आधार बनाकर बहुत प्रसिद्ध उपन्यास लिखा था। हबीब ने कहा कि पद्मावती का इतिहास में 1540 से पहले कोई रिकॉर्ड नहीं मिलता। इस किरदार को 1540 में रचा गया। किसी भी इतिहासकार ने 1540 से पहले इसका उल्लेख नहीं किया। ये चीजें पूरी तरह से काल्पनिक हैं।
खुद करणी सेना को अपने किए पर कोई अफसोस नहीं है। उसका कहना है कि गलती भंसाली की ही है जो फिल्म के जरिए इतिहास से छेड़छाड़ कर रहे हैं। राजपूत करणी सेना के संस्थापक लोकेंद्र सिंह कल्वी ने कहा कि हमारी नाक के नीचे राजपूतों की धरती पर हमारे पूवर्जों के इतिहास के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। उन्होंने कहा कि जो चीजें इतिहास में हैं ही नहीं वो फिल्म में नहीं दिखाई जानी चाहिए। उन्होंने सीधे-सीधे चुनौती देते हुए कहा कि क्या भंसाली की हैसियत में जमर्नी में जाकर हिटलर के खिलाफ फिल्म बनाने की।