अगर टोक्या ओलंपिक रद होते हैं तो कितना नुकसान होगा

जापान में होने वाले ओलंपिक 2021 में ज्यादा वक्त नहीं बचा है. करीब दो महीने बाद ओलंपिक खेल शुरू हो जाएंगे. जापान पूरी शिद्दत के साथ ओलंपिक खेल कराने की तैयारी में जुटा है, लेकिन साथ ही साथ इसे टालने की बातें भी कहीं न कहीं से सामने आती ही रहती हैं. बड़ा सवाल यही है कि क्या ओलंपिक खेल फिर से टाले भी जा सकते हैं. इसका जवाब देना तो अभी मुश्किल है, लेकिन इस बीच एक एजेंसी ने एक अनुमान जरूर लगाया है कि अगर टोक्या ओलंपिक रद होते हैं तो कितना नुकसान होगा.

पूरी दुनिया पर छाया कोरोना का कहर अभी पूरी तरह से दूर नहीं हो पाया है. लगातार कहीं न कहीं नए नए केस सामने आते ही रहते हैं. ओलंपिक में तो पूरी दुनिया के लोग एक जगह एकत्र होंगे, ऐसे में अगर जरा सी भी लापरवाही हुई तो ये बहुत ज्यादा भारी पड़ सकती है. इस बीच नोमुरा रिसर्च इंस्टीट्यूट का कहना है कि अगर ओलंपिक पैराओलंकप खेल निरस्त होते हैं तो जापान को 1.81 ट्रिलियन योन यानी करीब 17 बिलियन डॉलर का नुकसान हो सकता है. इस संबंध में क्योडो न्यूज में एक रिपोर्ट प्रकाशित की गई है. इससे पहले हाल ही में क्योदो न्यूज एजेंसी की ओर से किए गए सर्वे में पता लगा था कि जापान के 72 फीसदी लोग कोरोना महामारी के कारण ओलंपिक को रद्द या स्थगित कराने के पक्ष में हैं.

इस बीच खबर ये भी है कि टोक्यो ओलंपिक में मदद के लिए जापान, सेना के डॉक्टरों नर्सों को बुला सकता है. देश के रक्षा मंत्री नोबुओ किशी ने मंगलवार को संसद में इसकी जानकारी दी. डीपीए रिपोर्ट के अनुसार किशी ने कहा कि उनसे टोक्यो के आयोजकों ने इस बारे में अनुरोध किया है. ओलंपिक खेलों में दो महीने का समय शेष रह गया है जापान में टीकाकरण का काम काफी धीमा चल रहा है. ऐसे में इस काम में गति लाने के लिए सेना टोक्यो ओसाका के वैक्सीनेशन सेंटरों में काम शुरू करेगी. ओलंपिक आयोजकों के अनुसार, खेलों के लिए रोजाना 230 डॉक्टर 310 नर्सों की जरूरत पड़ेगी. उन्होंने कहा कि अब तक 80 फीसदी मेडिकल स्टाफ उपलब्ध हो गए हैं. जापान में कोरोना वायरस की चौथी लहर के बावजूद स्थानीय आयोजक अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) ओलंपिक को कराने के लिए प्रतिबद्ध है.