आस्ट्रेलिया ने चौथा वनडे मैच चार विकेट से जीतकर पांच मैचों की सीरीज 2-2 से बराबर की

मोहाली। शिखर धवन के शतक से बना भारत का पहाड़ जैसा स्कोर पीटर हैंड्सकांब के सैकड़े और एस्टन टर्नर की तूफानी पारी के सामने बौना साबित हो गया। आस्ट्रेलिया ने रविवार को यहां चौथा वनडे मैच चार विकेट से जीतकर पांच मैचों की सीरीज 2-2 से बराबर कर दी। रोहित शर्मा और धवन ने सपाट पिच पर पहले विकेट के लिए 193 रन जोड़े। धवन (115 गेंदों पर 143 रन) ने वनडे में अपना 16वां शतक लगाया लेकिन उप कप्तान रोहित (92 गेंदों पर 95 रन) अपने 23वें शतक से चूक गए। अंतिम 15 ओवरों में लगातार विकेट गंवाने के बावजूद भारत ने अच्छी शुरुआत के दम पर नौ विकेट पर 358 रन का विशाल स्कोर बनाया। लेकिन आस्ट्रेलिया ने 47.5 ओवर में छह विकेट पर 359 रन बना दिए जो उसका बाद में बल्लेबाजी करते हुए सबसे बड़ा स्कोर है। हैंड्सकांब (105 गेंदों पर 117 रन) और उस्मान ख्वाजा (99 गेंदों पर 91 रन) ने तीसरे विकेट के लिए 192 रन जोड़कर आस्ट्रेलिया को शुरुआती झटकों से उबारा। लेकिन वह टर्नर थे जिन्होंने मैच का पासा पूरी तरह से पलटा। उन्होंने 43 गेंदों पर पांच चौकों और छह छक्कों की मदद से नाबाद 84 रन की तूफानी पारी खेली। अब इन दोनों टीमों के बीच दिल्ली में 13 मार्च को होने वाला पांचवां और आखिरी मैच निर्णायक बन गया है।

भारतीय गेंदबाजों ने अच्छी शुरुआत की लेकिन वे उसे बरकरार नहीं रख पाए। युजवेंद्र चहल (दस ओवर में 80 रन एक विकेट) खासे महंगे साबित हुए जबकि जसप्रीत बुमराह (8.5 ओवर में 63 रन तीन विकेट) भी बहुत प्रभाव नहीं छोड़ पाए। टर्नर ने भुवनेश्वर कुमार (67 रन देकर एक विकेट) का गेंदबाजी विश्लेषण बिगाड़ा। भारत को विकेट के पीछे और एक रणनीतिकार के रूप में महेंद्र सिंह धोनी की बड़ी कमी खली। इसके अलावा टीम का क्षेत्ररक्षण भी स्तरीय रहा। आस्ट्रेलिया ने पहले चार ओवर के अंदर कप्तान आरोन ¨फच (शून्य) और शॉन मार्श (छह) के विकेट गंवा दिए थे। भुवनेश्वर ने इन¨स्वगर को ¨फच के बल्ले और पैड के बीच से निकालकर लेग स्टंप र्थराया तो बुमराह ने मार्श को बोल्ड किया। ख्वाजा और हैंड्सकांब ने बेहद सतर्कता भरी बल्लेबाजी की। दस ओवर तक स्कोर दो विकेट पर 47 रन था लेकिन इन दोनों ने सपाट विकेट और भारत के ढीले क्षेत्ररक्षण का फायदा उठाकर स्कोर बोर्ड चलायमान रखा। अगले 20 ओवर में 130 रन बने। ख्वाजा के खिलाफ पगबाधा का फैसला कुमार धर्मसेना को पलटना पड़ा। बाएं हाथ का यह बल्लेबाज हालांकि लगातार दूसरा शतक नहीं लगा पाया। बुमराह की गेंद उनके बल्ले का किनारा लेकर हवा में लहराई जिसे कुलदीप यादव ने खूबसूरती से कैच में बदला। कुलदीप (64 रन देकर एक) ने इसके बाद खतरनाक ग्लेन मैक्सवेल (13 गेंदों पर 23) को पगबाधा किया।

हैंड्सकांब ने 92 गेंदों पर अपने कॅरियर का पहला शतक पूरा किया। इसके बाद लंबा शाट खेलने के प्रयास में वह लांग आफ पर कैच दे बैठे। उन्होंने अपनी पारी में आठ चौके और तीन छक्के लगाए। इस बीच ऋषभ पंत ने हैंड्सकांब और टर्नर को स्टंप करने के मौके गंवाए। टर्नर को जीवनदान भारत को महंगा पड़ा। उन्होंने केवल 33 गेंदों पर अपना पहला अर्धशतक पूरा किया। आस्ट्रेलिया को आखिरी छह ओवर में 62 रन चाहिए थे। टर्नर ने भुवनेश्वर के एक ओवर में 20 रन लेकर यह अंतर कम किया। बुमराह के अगले ओवर में 16 रन बने जबकि भुवनेश्वर के ओवर में फिर से 18 रन गए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *