शीला व केजरीवाल में जुबानी जंग

नई दिल्ली। अरविंद केजरीवाल घबरा रहे हैं कि उनका काम ठीक नहीं हो रहा है इसलिए ये (पूर्ण राज्य की मांग) कदम उठा रहे हैं। अरविंद केजरीवाल द्वारा पूर्ण राज्य की मांग व एलजी को हटाने की मांग को पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने काम न करने का बहाना करार दिया है। उन्होंने कहा कि दिल्ली केन्द्रशासित प्रदेश है, यहां पुलिस व भूमि केन्द्र सरकार के पास है।

संविधान में लिखा है कि दिल्ली सरकार के ये अधिकार हैं। उसे बदलना होगा जो आसान नहीं है। आवाम को ये मतलब नहीं है कि क्या किसके पास है। उसको काम चाहिए। केजरीवाल घबरा रहे हैं कि काम ठीक नहीं हो रहा है।शीला ने कहा कि भाजपा शासन में उस समय बहुत ऐसे काम दिए गए जो पहले कभी नहीं हुए। इसमें बिजली का सुधार (निजीकरण) व मेट्रो लाइन का बनना केन्द्र के भाजपा शासन काल में शुरू हुआ। केंद्र सरकार की हमेशा दिलचस्पी रहती है कि दिल्ली अच्छा राज्य बने ।

केन्द्र के सभी लोग भी दिल्ली में रहते हैं। अब काम नहीं हो रहा तो ये कहते हैं पूर्ण राज्य का दर्जा दें। एलजी दिल्ली छोड़ो के नारे पर शीला दीक्षित ने साफ कर दिया कि ये एलजी को निकालने वाले ये कौन होते हैं। उनका ट्रांसफर का अधिकार यह केवल केन्द्र कर सकता है। मैं केजरीवाल से प्रार्थना करती हूं कि संविधान को पढ लीजिए और समझ लीजिए। शीला से कहा कि मुझे किसी एलजी से कठिनाई नहीं आई। जब जब एलजी ने कुछ कहा तो मैने भी अपने विचार रखे। किसी भी विषय पर उन्होने तर्क दिया व मैने तर्क दिया, फिर काम हुआ। कोई काम कभी नहीं रूका। काम नहीं हो रहा तो बहाने बना रहे हैं कि यह नहीं हुआ। उन्होने जब आंदोलन किया तो नहीं देखा कि दिल्ली के क्या अधिकार हैं। नहीं देखा को अब देख लें। शीला दीक्षित ने कहा कि अब ये बहाने करना कि ये नहीं हो रहा। चुनाव एक साल बचा तब याद आया। पहले क्यों नहीं याद आया कि संविधान में क्या लिखा है। आंदोलन करना चाहे तो करें, देखते हैं क्या होता है। उनका ट्वीट हम तक नहीं आया। जिसकी सरकार होती है उसकी जिम्मेवारी होती है कि सरकार को जिम्मेवारी से चलाने की है। जब लडाई लड़ी तो देखना था कि संविधान में क्या लिखा है। आप व कांग्रेस के बीच राजधानी की सीटों पर समझौते को शीला दीक्षित ने नकार दिया। उन्होंने कहा कि ऐसा कुछ भी नहीं है, अभी तक कांग्रेस की ओर से ऐसी कोई बात नहीं है।
केजरीवाल ने कहा कि मैं चैलेंज करता हूँ एक साल मोदी राज में दिल्ली चला के दिखा दो :  मुख्यमंत्री अरंिवंद केजरीवाल ने पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को केन्द्र की मोदी सरकार के कार्यकाल में एक साल सरकार चलाने की चुनौती दी है। दिल्ली सरकार को काम नहीं करने देने के उपराज्यपाल पर लगाये गये आप नेताओं के आरोपों को दीक्षित द्वारा अपनी नाकामी छुपाने का बहाना बताने के जवाब में केजरीवाल ने कहा कि मैं चैलेंज करता हूँ एक साल मोदी राज में दिल्ली चला के दिखा दो। दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा देने की केजरीवाल की मांग पर दीक्षित ने एक बयान में कहा था कि दिल्ली केन्द्र द्वारा आंशिक रूप से शासित होने वाला एक केन्द्र शासित क्षेत्र है । केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा कि शीला जी, आपके टाइम जनता पानी और बिजली बिलों से रो दी थी। सरकारी स्कूलों और अस्पतालों का बुरा हाल था। प्राइवेट स्कूल मनमानी फ़ीस बढाते थे। हमने ये सब ठीक किया। आपके समय 10 साल केंद्र में आपकी अपनी सरकार और अपने एलजी थे। मैं चैलेंज करता हूँ एक साल मोदी राज में दिल्ली चला के दिखा दो। केजरीवाल ने एक अन्य ट्वीट में पुदुचेरी का उदाहरण देते हुये दीक्षित से कहा कि कृपया आप पुदुचेरी के अपने मुख्यमंत्री से बात कर यह ज्ञान उन्हें भी दीजिये।