भारत लौटना चाहता है दाऊद इब्राहीम, सरकार के सामने रखी थी ये शर्तें

नई दिल्ली. आपराधिक मामलों के मशहूर वकील श्याम केसवानी ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम भारत लौटना चाहता है। दाऊद ने इसके लिए कुछ शर्तें रखी हैं, लेकिन भारत सरकार को ये शर्तें मंजूर नहीं हैं। केसवानी दाऊद इब्राहिम के भाई इब्राहिम के वकील हैं और उसी के केस के चलते ठाणे कोर्ट आए थे। ठाणे कोर्ट के बाहर मीडिया से बातचीत के दौरान केसवानी ने कहा कि दाऊद इब्राहिम की मांग है कि गिरफ्तारी के बाद उसे उच्च सुरक्षा वाली मुंबई की आर्थर रोड सेंट्रल जेल में ही रखा जाएं। आर्थर रोड सेंट्रल जेल वही जेल है, जिसमें मुंबई हमलों में जिंदा पकड़े गए आतंकी अजमल कसाब को 4 साल तक रखा गया था। उसके बाद इसी जेल में उसे फांसी दे दी गई थी।

बता दें, दाऊद इब्राहिम का भाई इब्राहिम कासकर जबरन वसूली के एक केस में इन दिनों जेल में है। केसवानी इब्राहिम के वकील हैं और उसी के केस के चलते ठाणे कोर्ट आए थे।
खबरों की मानें, तो दाऊद इस समय बीमार है और अपनी आखिरी सांस भारत में ही लेना चाहता है। साथ ही अब उसे पाकिस्तान में चल रहे इलाज पर भी भरोसा नहीं रहा है। मनसे के अध्यक्ष राज ठाकरे ने भी कुछ समय पहले एक बयान में दाऊद के विषय में यह बात कही थी।

ऐसा भी कहा जाता है कि दाऊद आज भी पाकिस्तान में बेगाना ही है। पाकिस्तान के लोगों ने उसे स्वीकार नहीं किया है। पाकिस्तानी समाज में घुलने-मिलने के लिए उसने जावेद मियांदाद से रिश्तेदारी जोड़ी। अपने दूसरे बच्चों की शादियां भी पाकिस्तान में ही की, लेकिन फिर भी उसे स्वीकार नहीं किया गया। दाऊद का नेटवर्क भी कमजोर हो गया है ओर कमजोर पड़ चुके दाऊद को अब आईएसआई भी कोई मदद नहीं दे रही है। इसी कारण भारत आना अब दाऊद के लिए मजबूरी बन गया है।